Sanskaran meaning in Hindi

Sanskaran meaning in Hindi

Sanskaran meaning in Hindi

संस्करण संस्कृत के “कृ” धातु में सम् उपसर्ग (शब्द के समीप आ कर नया शब्द बनाना) मिलकर यह शब्द बना है।। संस्करोति, जिसका साधारण भाषा में अर्थ होता है ‘शुद्ध करना’। इसी से संस्कार या संस्करण बने जिनका अर्थ है ठीक प्रकार किया गया कार्य। इसके क्रिया या भाव से कुछ और अर्थ भी निकलते हैं जैसे – सुधारना , सही करना, ठीक करना, अच्छा करना, सुन्दर करना, नवीकरण करना , इत्यादि।

Sanskaran meaning in Hindi
Sanskaran meaning in Hindi

संस्करण को प्रायः प्रकाशन के सन्दर्भ में देखा जाता है। वास्तव में प्रकाशन के व्यवसाय में भी “संस्करण” को प्रदर्शित करने वाला जो की इस शब्द सटीक अर्थ बैठता है। जब भी किसी पत्रिका का को प्रकाशित किया जाता है चाहे वो किसी भी भाषा में हो, या क्रम में हो उसको संस्करण का नाम दिया जाता है। उदाहरण के तौर पर – राज संकरण, सामान्य संस्करण और अब पाकेट बुक्स (या सस्ता) संस्करण।

प्रकाशन में संस्करण का योगदान

किसी भी पत्रिका का प्रेस में मुद्रण किया जाता है। पत्रिका को आकर्षित करने के लिए लेखन के साथ चित्रों के माध्यम से बाहरी आवरण (cover ) को सजाया जाता है। तब कहीं जाकर पत्रिका को प्रकाशित किया जाता है पुस्तक का “संस्करण” अपने अर्थ को सार्थक करता है।

पत्रिका के प्रकाशित हो जाने के बाद जब किसी पत्रिका की सारी प्रतियाँ बिक जाती हैं तो कहा जाता है कि पुस्तक का एक संस्करण समाप्त हो गया। यदि पुस्तक की मांग अधिक होती है तब पुस्तक की और प्रतियाँ को ज्यों को त्यों छाप दिया जाता है। और यदि किसी प्रकार का संशोधन या परिवर्तन होता है तो उसे “नवीन संस्करण” का नाम दिया जाता है।

लेखक और प्रकाशक दोनों को ही इससे अधिक लाभ होता है। और अधिक लाभ के लिए प्रकाशक सामान्य संस्करण भी प्रकशित करता है। क्योंकि मध्य वर्ग ही पुस्तकों का सबसे बड़ा पाठक है।

दैनिक पत्रों के भी संस्करण प्रकाशित होते हैं। जैसे, नगर संस्करण, पहला डाक संस्करण, दूसरा डाक संस्करण, सायं संस्करण आदि। अनेक पत्रों के प्रात: और सायं संस्करण प्रकाशित होते हैं।

OM SANKIRTAN – ओ३म्-संकीर्तन

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *